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चेटीचंड पखवाड़ा : वरूण सागर पर जल व ज्योति का पूजन संत महात्माओं के सानिध्य में हुआ

चेटीचंड पखवाड़ा : वरूण सागर पर जल व ज्योति का पूजन संत महात्माओं के सानिध्य में हुआ

पंच तत्वों में जल व ज्योति का विशेष पूजन - महंत स्वरूपदास

अजमेर (अजमेर मुस्कान)। पूज्य झूलेलाल जयंती समारोह समिति की ओर से आयोजित 17 दिवसीय चेटीचण्ड पखवाड़े के 11वें दिन ताराचंद हुंदलदास खानचंदानी सेवा संस्था श्री अमरापुर सेवा घर प्रगति नगर, कोटड़ा की ओर से वरूण सागर पर संत महात्माओं के सानिध्य में जल व ज्योति की पूजन के साथ धार्मिक आयोजन किया गया।

सचिव शंकर बदलानी ने बताया किकार्यक्रम का शुभारंभ आराध्यदेव झूलेलाल की मूर्ति के समक्ष संत महात्माओं के सानिध्य में माल्यार्पण व दीप प्रज्जवलन ईश्वर मनोहर उदासीन आश्रम के महन्त स्वरूपदास उदासीन, श्री शांतानन्द उदासीन आश्रम पुष्करराज के महन्त हनुमानराम, श्रीराम विश्वधाम के महन्त अर्जुनदास, गोविन्द तुलसीधाम के स्वामी ईश्वरदास, निर्मलधाम के स्वामी आत्मदस, जतोई दरबार के भाई फतनदास, प्रेम प्रकाश आश्रम आदर्श नगर के दादा नारायणदास, सांई बाबा मन्दिर के भाई महेश तेजवाणी, भोलेश्वर मन्दिर के गोवर्धनदास द्वारा किया गया।

महन्त स्वरूपदास ने आर्शीवचन देते हुये कहा कि सनातन धर्म में जल व ज्योति की पूजन कर विधिवत् कार्य प्रारम्भ किये जाते हैं और हम सब वरूणअवतार की पूजन भी इसी रूप में कर रहे हैं। पंच तत्व के दो महत्वपूर्ण तत्व माने जाते हैं जिसमें अग्नि व जल की विशेष पूजा का शास्त्रों में वर्णित है।

महन्त हनुमानराम ने कहा कि सेवा व सिमरन करने वाले को परम पिता परमेश्वर का सदैव आर्शीवाद मिलता है व परिवार भी संस्कारवान होता है। आराध्यदेव झूलेलाल की यह टोली सेवा के साथ लोगों में धर्म का प्रचार भी कर रही है।  

समारोह में सामूहिक छेज् पर सभी ने नृत्य किया। कार्यक्रम में आराध्यदेव झूलेलाल के भजन व पंझडों की प्रस्तुति प्रकाश जेठरा, पूनम गींताजलि, होतचन्द मोरियाणी, आदर्श नगर महिला मण्डल की पदाधिकारियों द्वारा गीत व नृत्य प्रस्तुत किया गया। श्वेता शर्मा, मुकेश आर्य ने नवरात्रों में हिंगलाज माता के भजन प्रस्तुत किये। वरूण सागर पर पूजन के साथ दीपदान, महाआरती के पश्चात् भण्डारे के साथ समापन किया गया।

समारोह का मंच संचालन महेन्द्र कुमार तीर्थाणी, स्वागत भाषण, कार्यक्रम की रूपरेखा अध्यक्ष कवंलप्रकाश किशनानी व आभार गिरधर तेजवाणी ने किया।

समारोह में नरेन शाहणी भगत, लक्षमणदास दौलताणी, ओमप्रकाश हीरानन्दाणी, सुनील खानचंदानी (सन्नी),मोती तेजवानी, दिनेश मुरजानी, जीडी वरिंदानी, रमेश मेंघानी, डॉ. भरत छबलानी, हरीराम कोडवानी, रमेश टिलवानी, प्रेम केवलरमानी, राम बालवाणी, अंजलि हरवाणी, ललित लौंगानी, निरंजन शर्मा, लाल नाथाणी, भगवान कलवाणी, राहुल गिदवाणी, जयप्रकाश मंघाणी, तुलसी सोनी, मुकेश आहूजा, कमल मोतियाणी, राधाकिशन आहूजा, सीताराम बच्चानी, गोरर्धनदास मोतीयानी, मनोज भम्भानी, ईश्वर बूलचंदानी, नरेश बदलानी, महेश बदलानी, हरीश हिंगोरानी, चन्द्र नवानी, पुरूषोत्तम तेजवानी, चन्द्रा थदानी, जय प्रकाश मंघानी, प्रकाश मूलचंदानी सहित अलग अलग संगठनों के कार्यकर्ता उपस्थित थे।

आज मंगलवार 1 अप्रेल को होने वाले कार्यक्रम

आज मंगलवार 1 अप्रेल .सांय 6 बजे से चेटीचण्ड व नवसम्वतसर पर ऑनलाइन संगोष्ठी सिन्ध साहित्य एवं इतिहास शोध संस्थान डिजीटल प्लेटफार्म पर यू.ट्यूब, फेसबुक पर होगा।

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